मेरे साथ आंसुओं की ,
बारिश में साथ ....
भीगने वाला कोई नहीं ||1||
लगता है उस के सिवा ,
इस दुनियाँ में .......
अपना अब है कोई नहीं |||2||
ये आँखे तब से ,
दो पल है सोई नहीं ||
यार से पूँछा ...........
है क्या ये ??3??
तो आया जबाब ......
“चल यार कोई नहीं “ ||4||
ये नदिया नही ,
झरना है ये ||
ये झरना नहीं ,
दरिया है ||5||
वह से गुज़रा ,
तो लगा वो ||
प्यारा हवा का ,
जोखा था वो ||6||
जानना चाहा तो ,
चला पता तब ||
कोई जोखा नहीं महज़ ,
एक धोखा था वो ||7||
कुछ कहना चाहूँगा :-
" सच है कही ज्यादा जरूरी है हमारी ज़िन्दगी बदलने से हमारा हम ही रहना " ||
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